उदासीन

मैंने खुद को तन्हा कर लिया

बंद कर लिया दरवाजे को

हवा से भी डर लगता है

आँखें बचा कर

निपट अकेला हो गया हूँ ।

कोमल भावनाओं को

प्रकट करने से बच

सुरक्षित रहने के लिए

कभी कभी उदासीन होना

निहायत जरुरी लगता है।

2 विचार “उदासीन&rdquo पर;

एक उत्तर दें

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  बदले )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  बदले )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  बदले )

Connecting to %s